*इस स्कूल में पढ़ने की बजाए बच्चे फूंक रहे हैं चूल्हा*
बोड़ला :— छत्तीसगढ़ सरकार सरकारी स्कूलों कि बेहतर शिक्षा को संवारने करोड़ों रुपये खर्च कर रही है। जिससे स्कूल में लगातार बच्चों की दर्ज संख्या बढ़ने लगी है। पालकगण अपने बच्चे का निजी स्कूल छुड़ाकर सरकारी स्कूल में अपने बच्चों का दाखिला करा रहे हैं। वहीं कुछ ऐसे स्कूल हैं, जहां पर शिक्षक बच्चों को पढ़ाने की बजाय उनके काम कराते हैं।

ऐसा ही मामला बोड़ला विकासखंड के ग्राम कबरीपथरा के शासकीय प्राथमिक स्कूल में पढ़ाई के बजाय बच्चों से खाना बनवाया जा रहा है। शिक्षक खुद गायब है एक भी शिक्षक नही जो देख रेख कर सके जिसे अच्छी पढ़ाई हो मगर बच्चों से ही खाना बनवाया जा रहा हैं। इस स्कूल में रसोइया के सभी कार्य भी बच्चों से लिए जा रहे हैं। उनकी पढ़ाई की तरफ शिक्षक कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। बच्चे भी खुशी-खुशी इस काम में लगे रहते हैं, क्योंकि इससे वह पढ़ाई से बचे रहते हैं। स्कूल के खाने की जिम्मा बच्चों पर डाल दिया जाता है, और खुद दो शिक्षक में भी एक भी शिक्षक नही है।


