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अंबागढ़ चौकी के प्राकृतिक सीताफल के मिठास का स्वाद अब ले सकेंगे जनसामान्य

  • कलेक्टर ने अंबागढ़ फ्रेश सीताफल का किया शुभारंभ
  • सीताफल की ब्रांडिंग एवं मार्केटिंग से समूह की महिलाओं की आर्थिक स्थिति बनेगी मजबूत

राजनांदगांव 05 अक्टूबर 2021। अंबागढ़ चौकी के प्राकृतिक सीताफल के मिठास का स्वाद अब जनसामान्य ले सकेंगे। अंबागढ़ चौकी विकासखंड के सघन वनों में सीताफल प्रचुर मात्रा में उपलब्ध हैं। वहीं आदिवासी परिवारों ने अपने घर के आंगन में भी सीताफल लगाएं है। इन वनों में आदिवासी परिवार आजीविका के लिए सीताफल संग्रहण का कार्य करते हंै। कलेक्टर श्री तारन प्रकाश सिन्हा ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में अंबागढ़ फ्रेश सीताफल का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि सीताफल की ब्रांडिंग एवं मार्केटिंग से समूह की महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत बनेगी। उन्होंने समूह की महिलाओं से सीताफल खरीदा और उनका उत्साहवर्धन किया। आज कलेक्टोरेट में समूह की महिलाओं ने सीताफल का स्टाल लगाया तथा उन्होंने 110 रूपए में 3 किलो के हिसाब से विक्रय किया। आज स्टाल से लगभग 444 किलो सीताफल का विक्रय किया गया। जिससे समूह की महिलाओं को लगभग 16 हजार 280 रूपए की आय हुई।

गौरतलब है कि कई वर्षों तक बिचौलियों के माध्यम से आदिवासी परिवार सीताफल विक्रय करते थे और अब उनकी मेहनत को दिशा मिली है। आत्मा योजना के तहत अंबागढ़ चौकी विकासखंड के वनांचल ग्राम मुंजाल के जय मां दुर्गा स्वसहायता समूह को सीताफल संग्रहण, पैकेजिंग, ग्रेडिंग एवं ट्रांसपोर्टिंग का प्रशिक्षण दिया गया। सीताफल खाने के अनेक फायदे हैं। यह बच्चों के शारीरिक एवं मानसिक विकास में सहायक है तथा शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है। त्वचा एवं बालों के लिए लाभदायक है। दांत की समस्याओं को दूर करने में लाभप्रद तथा रक्तचाप का नियंत्रित करने में सहायक है। सीताफल से शरीर में ऊर्जा का विकास होता है तथा यह पानी की कमी को पूरा करता है। अस्थमा, हार्ट अटैक से बचाव तथा पाचन हेतु लाभदायक है। इससे खून की कमी दूर होती है तथा सोडियम, पोटेशियम एवं मैग्नीशियम जैसे आवश्यक पोषक तत्वों का उच्च स्रोत होता है। इस प्रोजेक्ट के लिए उप संचालक कृषि श्री जीएस धु्रर्वे के मार्गदर्शन में कार्य किया गया। आत्मा योजना के डिप्टी प्रोजेक्ट डायरेक्टर आत्मा श्री राजू कुमार, फिल्ड ऑफिसर सुश्री स्वाती वासनिक, सुनीता कोर्राम, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी सुश्री पुष्पा जुरेशिया ने सहयोग किया।

By Amitesh Sonkar

Sub editor

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