राजनांदगांव। बसंतपुर स्थित जिला अस्पताल की हालत दिन-ब-दिन खस्ता होती जा रही है। व्यवस्थाओं को लेकर अस्पताल प्रबंधन का गैर जिम्मेदाराना रवैया भारी पड़ रहा है। हाल ही में अस्पताल परिसर से चोरी का मामला सामने आया है। सुरक्षा गार्ड के तैनाती के बीच चोरों ने परिसर में स्थित मदर एंड चाइल्ड केयर यूनिट में लगे एयर कंडीशनर के कॉपर पाइप को ही पार कर दिया। इन कॉपर पाइप की कीमत हजारों रुपयों में आंकी जा रही है। लापरवाही वाली बात यह है कि अस्पताल प्रबंधन ने मामले में अब तक अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर नहीं कराया है।
मिली जानकारी अनुसार डेढ़ से 2 महीने पहले सुरक्षा गार्डों की तैनाती के बीच चोरों ने मदर एंड चाइल्ड केयर यूनिट और आस पास के अस्पताल भवन के निचले हिस्से में लगे एयर कंडीशनर के कॉपर पाइप को पार कर दिया। इस मामले का एफआईआर कराने के बजाए हमेशा फंड के लिए रोने वाले प्रबंधन ने गुपचुप तरीके से नए कॉपर पाइप लगाने की तैयारी शुरू कर दी। वर्तमान में तकनीशियन को बुलाकर चुराए गए स्थान पर नए कॉपर पाइप लगवाए जा रहे हैं।
10 सुरक्षा गार्ड है तैनात
वर्तमान में अस्पताल में निजी सुरक्षा कंपनी के 10 सुरक्षा गार्ड तैनात किए गए हैं। अस्पताल प्रबंधन की माने तो इनमें से तीन गार्ड रात्रि कालीन ड्यूटी पर तैनात रहते हैं। इसके बावजूद परिसर में चोरी हो जाना लापरवाही का विषय है। जिम्मेदार अधिकारियों की माने तो सुरक्षा के हिसाब से गार्ड की तैनाती कम है। अस्पताल परिसर में बेहतर सुरक्षा के लिए कम से कम 25 से 30 गार्ड की आवश्यकता है लेकिन फंड की कमी के कारण व्यवस्था नहीं हो पा रही है।
मेडिकल कॉलेज के अलग होते ही उखाड़ ले गए सभी सीसीटीवी कैमरे
चोरी के मामले में स्वास्थ्य अमले के गैर जिम्मेदाराना रवैये की पोल खोल दी है। पूर्व में बसंतपुर जिला अस्पताल में मेडिकल कॉलेज अस्पताल के संचालन के दौरान परिसर में जरूरत के हिसाब से सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे। ताकि सुरक्षा व्यवस्था बनी रहे। मेडिकल कॉलेज के पेंड्री में स्थानांतरण के दौरान जिला अस्पताल में लगे सभी सीसीटीवी कैमरे उखाड़ लिए गए, फर्नीचर सहित तमाम उपकरणों के साथ मेडिकल कॉलेज हमला सीसीटीवी कैमरा भी अपने साथ ले गया। जिम्मेदार अधिकारियों की माने तो अब जिला अस्पताल में एक भी सीसीटीवी कैमरा नहीं है ऐसे में असामाजिक तत्वों के लिए सुरक्षा में सेंध लगाना आसान हो चुका है।
पुराना मामला है-सिविल सर्जन
इस मामले को लेकर जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. केके जैन ने कहा कि कॉपर पाइप चोरी का मामला पुराना है, हाल ही में मरम्मत के लिए आए फंड से एयर कंडीशनर के कॉपर पाइप्स लगाए जा रहे है।


