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राजनांदगांव/गढ़चिरौली। जिले से लगे महाराष्ट्र गढ़चिरौली में 12 लाख रूपए के दो इनामी नक्सलियों ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया है।आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों में नक्सली नाम 1) रामसिंग ऊर्फ सिताराम बक्का आत्राम उमर 63 साल रा. अर्कापल्ली तहसील अहेरी जि.गड़चिरोली 2) माधुरी ऊर्फ भुरी ऊर्फ सुमन राजु मट्टामी उमर 34 साल रा. गट्टेपल्ली तहसील एटापल्ली जि. गढ़चिरौली। इन्होने पुलिस अधीक्षक अंकित गोयल सामने बुधवार को आत्मसमर्पण किया।

आत्मसमर्पीत सदस्य के बारे में जानकारी
रामसिंग ऊर्फ सिताराम बक्का आत्राम


नक्सली की कार्य अवधी
1) रामसिंग ऊर्फ सिताराम बक्का आत्राम माह-मार्च- 2005 मे अहेरी दलम सदस्य पद पर भरती हुआ था।
2) माह-मई 2005 से माड डिवीजन तकनीकी टीम में काम कर रहा था।
3) माह-2007 से 2012 तक डिप्टी कमांडर पदपर काम कर रहा था।
4) 2012 से मार्च 2022 तक वे भामरागड़ क्षेत्र् तकनीक टीम में एसीउम पद तक कार्यरत रहा।

कार्यअवधी मे दर्ज अपराध
1) रामसिंग ऊर्फ सिताराम बक्का आत्राम के खिलाफ 01 हत्या, 01 मुठभेड, 01 अन्य ऐसे कुल 03 अपराध दर्ज है।
2) उसने मौजा कसमपल्ली, गुंडुरवाही, हीकेर, आशा- नैनगुंडा, आलदंडी मुठभेड़ो भाग लिया।

आत्मसमर्पण करने की वजह
1) सरकार द्वारा कार्यान्वित किये गये विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के कारण जनता का नक्सलीयों को कोई सहायता नही मिलने के कारण।
2) वरिष्ठ माओवादी नेता सिर्फ खुद के भले के लिये गरीब आदिवासी युवक- युवतीओं का उपयोग करते है इसके कारण।
3) दलम में रहते हूऐ शादी होने के बावजुद वैवाहिक जीवन स्वतंत्रता से जी नही सकने के कारण।
4) पुलिस द्वारा चलाऐ गये जादा मात्रा में नक्सलविरोधी अभियान जंगल मे घुमना खतरनाक हुआ है।
5) वरिष्ठ कॅडर के माओवादी सभी जमा किया हुवा पैसा, खुद के ऐशो आराम एवं कनिष्ठ माओवादीयां को पैसे का भुगतान नहीं किये जाने के कारण।
6) सिर्फ खबरी होने के वजह से अपने ही भाईयोंका खुन करना पडता है।
7) नक्सल दलम में दिन-रात भटकते हुऐ जीवन बिताने के बावजुद अगर आपको अपनी सेहत से जुडी कोई समस्या है, तो इसकी तरफ ध्यान नही दिया जाता।

माधुरी ऊर्फ भुरी ऊर्फ सुमन राजु मट्टामी


नक्सली की कार्य अवधी
1) माह नवंबर 2002 में दलम मे शामिल हुए और दिसंबर 2012 तक कसनसुर दलम में सदस्य रुप में भरती हुई थी।
2) माह नवंबर 2012 से 2013 तक भामरागड़ दलम में कार्यरत थी। माह नवंबर 2013 से अप्रैल 2022 पेरमीली दलम में एसीएम रूप मे कार्यरत थी।

कार्यअवधी मे दर्ज अपराध
1) माधुरी के खिलाफ 04 खून, 21 मुठभेड, 07 आगजनी एवं अन्य 05 ऐसे कुल 37 अपराध दर्ज है।
2) मौजा वेळमागड़, कसनासुर और माडवेली मुठभेड़ो मे शामिल थी।

आत्मसमर्पण करने की वजह
1)महिला नक्सलीयों को वैद्यकीय कारण हेतु पैसा नही दिया जाता।
2) नक्सल दलम में वरिष्ठ माओवादी पुरुषो और महिलाओं के बीच भेदभाव करते है।
3) महिला नक्सलीयों को ऊचे पदों पर पहुंचने का मौका नही मिलता।
4) महिला नक्सलीयों को केवल भारी काम दिया जाता है और वे महत्वपूर्ण अभियानों में शामील होने का मौका नही मिलता।
5)वरिष्ठ माओवादी महिला नक्सलियों को शादी के लिए मजबुर किया जाता है।
6) पुलिस –नक्सल मुठभेड के दरम्यान महीला नक्सलियों को आगे करके पुरुष नक्सल भाग जाते है।

महाराष्ट्र सरकार व्दारा घोषित पुरस्कार
1) महाराष्ट्र सरकार ने रामसिंग ऊर्फ सिताराम बक्का आत्राम इसपर 06 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की थी।
2) माधुरी ऊर्फ भुरी ऊर्फ सुमन राजु मट्टामी पर 06 लाख रूपयों का इनाम घोषीत किया गया था।

आत्मसमर्पण के बाद सरकार की और से मिलनेवाले पुरस्कार
1) आत्मसमर्पण के बाद पुनर्वास के लिए सरकार की ओर से रामसिंग ऊर्फ सिताराम बक्का आत्राम के लिए 4.5 लाख रुपयों का इनाम घोषित किया गया है ।
2) आत्मसमर्पण के बाद पुनर्वास के लिए माधुरी ऊर्फ भुरी ऊर्फ सुमन राजु मट्टामी को 4.5 लाख रुपयों का इनाम घोषित किया गया है।
गढ़चिरौली जिला पुलिस बल के द्वारा प्रभावी नक्सली विरोधी अभियान चलाने और सरकार ने नक्सलीयों को आत्मसमर्पण का सुनहरा मौका उपलब्ध कर देने से सन्मानपुर्वक जीवन बिताने के लिए साल- 2019 से 2022 में अब तक कुल 49 नक्सलीयों ने आत्मसमर्पण किया। विकास कार्य में बाधा पहुचानेवाले नक्सलीयों को मुहतोड जवाब देने के लिए पुलिस विभाग सक्षम है। हिंसा का मार्ग छोडकर अहिंसा का मार्ग अपनाने के लिए विकास की मुख्यधारा में शामिल होने के लिए और लोकतंत्र में सम्मान जनक जीवन जिने के लिए इच्छुक नक्सलियो को गढचिरौली पुलिस बल पुरी ताकत के साथ सहयोग करेगा। इसलीए राह भटके हुए नक्सलियों को मुख्यधारा में शामील होकर शांततापुर्ण जीवन बिताने के लिए आत्मसमर्पण करने का आव्हान पुलिस अधीक्षक गढचिरौली अंकित गोयल ने किया है।

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