गौ सेवा ही परम धर्म: कबीरधाम में जिला स्तरीय गौ-विज्ञान परीक्षा संपन्न
विधायक भावना बोहरा सहित अतिथियों ने लिया गौ-संरक्षण एवं संवर्धन का संकल्प
कवर्धा | स्थानीय शासकीय पीजी कॉलेज के ऑडिटोरियम में भव्य जिला स्तरीय गौ-विज्ञान परीक्षा का सफल आयोजन किया गया। इस प्रेरणादायी कार्यक्रम का सफल संचालन जिला प्रमुख निगेश्वर नाथ योगी द्वारा किया गया। उन्होंने उपस्थित जनसमूह एवं प्रतिभागियों को गौ-विज्ञान परीक्षा के उद्देश्यों की विस्तृत जानकारी दी और बताया कि यह परीक्षा नई पीढ़ी को भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों, गौ-माता के वैज्ञानिक महत्व और गौ-सेवा के भाव से जोड़ने का एक सशक्त माध्यम है।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती एवं गौ-माता के तैलचित्र पर माल्यार्पण, दीप प्रज्ज्वलन एवं विधिवत पूजा-अर्चना के साथ किया गया। इस बौद्धिक महाकुंभ में जिले भर से लगभग 700 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता कर गौ-सेवा के प्रति अपनी आस्था एवं प्रतिबद्धता का परिचय दिया।
मुख्य वक्ता का प्रेरणादायी संबोधन
प्रांत गौ-विज्ञान परीक्षा प्रमुख सुबोध राठी ने अपने सारगर्भित उद्बोधन में कहा,
“गौ-माता केवल एक पशु नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति की आधारशिला और देवत्व का साक्षात स्वरूप हैं। इस परीक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान परीक्षण नहीं, बल्कि मन में गौ-सेवा और समर्पण की भावना जागृत करना है।”
उन्होंने पर्यावरण संरक्षण, कुटुंब प्रबोधन एवं ‘पंच परिवर्तन’ जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तार से प्रकाश डाला।
विधायक एवं विशिष्ट अतिथियों के विचार
मुख्य अतिथि पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने प्रतिभागियों को प्रेरित करते हुए कहा,
“गौ-सेवा ही मानव जीवन का परम कल्याणकारी मार्ग है। हमें गौ-उत्पादों के अधिकतम उपयोग और गौ-वंश के संरक्षण के लिए सामूहिक संकल्प लेना होगा।”
विशिष्ट अतिथि नगर पालिका अध्यक्ष चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी ने कहा कि आधुनिक समय में गौ-आधारित खेती और ग्रामीण अर्थव्यवस्था आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव बन सकती है।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ कृषक कल्याण परिषद के अध्यक्ष सुरेश चंद्रवंशी भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने गौ-सुरक्षा, गौ-आधारित कृषि एवं किसानों के हित में गौ-पालन की भूमिका पर महत्वपूर्ण विचार व्यक्त किए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता आरएसएस जिला कार्यवाह रवि वर्मा ने की, जिन्होंने गौ-संरक्षण को सामाजिक दायित्व बताते हुए इसे जन-आंदोलन बनाने का आह्वान किया।
तीन वर्गों में आयोजित हुई परीक्षा, अब राज्य स्तर पर दिखाएंगे प्रतिभागी अपना दमखम
जिला प्रमुख निगेश्वर नाथ योगी ने जानकारी दी कि परीक्षा को तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया था—
वर्ग ‘ए’: कक्षा 6वीं से 8वीं तक
वर्ग ‘बी’: कक्षा 9वीं से 12वीं तक
वर्ग ‘सी’: महाविद्यालयीन छात्र
कबीरधाम जिले के बोडला, पंडरिया, लोहारा एवं कवर्धा ब्लॉक के विभिन्न शिक्षण संस्थानों से चयनित विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रत्येक वर्ग के प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त विजेताओं को राज्य स्तरीय परीक्षा (रायपुर) में भाग लेने का अवसर प्रदान किया जाएगा। सभी प्रतिभागियों को ‘पंचगव्य किट’ एवं प्रमाण पत्र वितरित किए गए।
कार्यक्रम में शामिल परीक्षार्थियों, पालकों, शिक्षकों एवं अतिथियों के लिए भोजन व्यवस्था समिति द्वारा उत्तम एवं सुव्यवस्थित भोजन प्रबंध किया गया, जिससे सभी उपस्थितजनों ने संतोष एवं प्रसन्नता व्यक्त की।
सभी आगंतुकों ने लिया गौ-संरक्षण का संकल्प
कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों को गौ-संरक्षण, गौ-सेवा एवं गौ-संवर्धन का सामूहिक संकल्प दिलाया गया। यह आयोजन समाज में गौ-चेतना जागृत करने की दिशा में एक ऐतिहासिक एवं प्रेरणादायी कदम सिद्ध हुआ।
आयोजन को सफल बनाने में इनका रहा सराहनीय योगदान
कार्यक्रम को सफल बनाने में उतर्रा वर्मा, रघुनन्दन गुप्ता, भूपेंद्र डहरिया, शिक्षा विभाग के अधिकारी, आरएसएस के समर्पित स्वयंसेवक एवं समस्त सहयोगीगणों का विशेष योगदान रहा, जिनके अथक प्रयासों से यह आयोजन भव्य, सुव्यवस्थित एवं प्रेरणादायी रूप में संपन्न हुआ।


